मेरी कल्पनाओं में..✍️
क्या करे जनाब ये दुनिया है,
हर कोई ख्वाइश कहाँ मुकम्मल होती है,
किसी को नींद चाहिये सोने के लिए,
कोई जागना चाहता है किसी के लिए।।।😊
अक्सर मुस्कुरा देता हूँ मैं,
जब जब वो पल याद आता है मुझे,
समझा था जिसे दिल के बेहद करीब हमने,
उस एक पल में समझ आया था हमारा दायरा हमें..
प्यारी मुस्कान संग आँखों मे काजल,
बिना तीर के ही कर देते हैं घायल।
यूँ देखना तुम्हारा नजरें झुका कर,
इन्हीं अदायों के तो हम हुये हैं कायल..
शांत है बाहर से, मन मे भरी है हलचल,
व्यक्त जीवन में, निकाले हमारे लिए कुछ पल,
थोड़ा शरारत है थोड़ी है नटखट माना, वो,
लेकिन दिल की साफ, इसलिए तो है बेहद खास
क्या भीड़ के होने से तन्हाई मिट जाती है,?
सिर्फ धूप आने से मायूसी छट जाती है??
यकीन मानो अगर दिल की सुनने वाला साथ हो,
सारी मुश्किलें भी मुस्काते हुए मिट जाती हैं..।।
Pari✍🏻
इस जहाँ में एक दस्तूर है अगर मानो तो,
चार दिन चालाकी चरम पर चलती है।
कोई भी इतना नासमझ नहीं है समझ लेना,
ठोकर एक ही पत्थर बार बार नहीं खायी जाती है..!
न जाने कब वक़्त फिसल गया रेत की तरह,
वो मिले बात हुयी और फिर बिछड़े किस तरह।
यकीनन जीवन के किसी मोड़पर वो मिलेंगे हमें,
लेकिन रूबरू होंगे हम तब न जाने कब किस तरह।।
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